Monday, 24 December 2012

अच्छा लगा आज...



अच्छा लगा आज, 
कोई अपना सा लगा आज, 
शायद दिन ही अच्छा था, 
जो उससे मिला जिसका दिल सच्चा था 

अच्छा लगा आज, 
जो फिर एक नयी दोस्ती हुई,
इस बार कुछ नयी सी दोस्ती हुई, 
और कुछ नए से ख्याल बुने

अच्छा लगा आज, 
जो एक नया सिलसिला, 
फिर शुरू होता दिखाई दे रहा है, 
चुप सी इन सर्द हवाओं में एक गीत फिर सुनाई दे रहा है 

अच्छा लगा आज, 
या शायद दिन ही अच्छा था, 
आज एक दोस्ती हुई, 
उससे, जिसका दिल सच्चा था 



No comments:

Post a Comment